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पार्षद ऑन स्पॉट: भगवानसिंह मेड़तिया एक्शन मोड में, निगम आयुक्त को लेकर पहुंचे बल्लभ गार्डन के ‘मिनी सूरसागर’

 

वल्लभ गार्डन के गंदे नाले का आयुक्त सिद्धार्थ पलानीचामी ने किया निरीक्षण, अधिकारियों को एस्टीमेट तैयार करने के निर्देश; बोले पार्षद—सालों से परेशान लोगों को राहत दिलाना प्राथमिकता

 

Rudra News Express Bikaner. 

वल्लभ गार्डन का नाम लेते ही जेहन में एक तस्वीर उभरती है बारिश के दौरान पानी में डूबी बस्ती की। शहर के बीच ऐसी कॉलोनी जहां एक बार पानी भर जाने के बाद लोग घरों में कैद हो जाते हैं। दूध, पानी, राशन सब्जी लाना तो दूर बच्चों का स्कूल जाना तक मुश्किल हो जाता है। कई बार बिना बारिश ही पानी भर जाता है। वजह है नाले का बंधा टूट जाना। ऐसे में गंदे बदबूदार पानी से घिरे लोग बेबस इंतजार करते रह जाते हैं। यह बार यह बेबसी गुस्सा बनकर भी फूटी है। एकबारगी रास्ते जाम कर दिए तो तत्कालीन भाजपा मेयर सुशीला कंवर के ससुर और भाजपा नेता गुमानसिंह राजपुरोहित ने काफी मशक्कत के बाद रास्ता खुलवाया। काम शुरू करवाया। वादा किया, अब जल्द काम होगा। विधानसभा में यहां का मुद्दा बार-बार उठा है। सरकार ने बजट घोषणाएं भी की है। यहां आने वाले प्रत्येक कलेक्टर, नगर निगम आयुक्त को इस मसले से दो-चार होना पड़ा है लेकिन ठोस समाधान अब तक नहीं हुआ है। 

यूं पाल टूटते ही बस्ती में भर जाता है गंदा पानी : फाइल फोटो 

 

सुखद हैरानी है कि हाल ही वार्ड संख्या 08 से पार्षद का चुनाव जीते भाजपा नेता भगवानसिंह मेड़तिया ने इस ऐसे बड़े मुद्दे पर हाथ डाला है जिसे लोग "मधुमक्खी का छत्ता" कहते हैं। जिस काम को करने में बड़े नेता, प्रशासनिक अधिकारी सफल नहीं हो पाए उसे महज एक पार्षद होते हुए मेड़तिया ने पूरा करने का टास्क लिया और वादा किया, इस समस्या का साधन करवाऊँगा। हालांकि लोगों ने इसे चुनावी वादा समझा लेकिन उम्मीद तब जगी जब मेड़तिया गुरुवार को नगर निगम आयुक्त सहित पूरे प्रशासनिक लवाजमे के साथ यहां पहुंचे। बोले- हमें हर हाल में इस समस्या का समाधान चाहिए। 

अधिकारियों को हिदायत : काम होना चाहिए 

दरअसल वल्लभ गार्डन क्षेत्र में गंदे नाले की समस्या से परेशान लोगों को राहत दिलाने के लिए वार्ड नंबर 8 के पार्षद भगवानसिंह मेड़तिया एक्शन मोड में नजर आए। गुरुवार को उन्होंने नगर निगम आयुक्त सिद्धार्थ पलानीचामी सहित निगम के पूरे तकनीकी अमले को मौके पर बुलाकर समस्या का निरीक्षण करवाया। नाले की बदहाल स्थिति देखकर आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को शीघ्र एस्टीमेट तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। वल्लभ गार्डन के इस गंदे नाले की स्थिति ऐसी है कि इसे ‘मिनी सूरसागर’ कहा जाए तो अतिशयोक्ति नहीं होगी। स्थानीय लोगों के अनुसार, बरसात के दिनों में नाला ओवरफ्लो होने के साथ सामान्य दिनों में भी गंदा पानी बाहर फैल जाता है। इससे आसपास के घरों के सामने गंदा पानी जमा होने, दुर्गंध फैलने और बीमारियों की आशंका के चलते लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है। क्षेत्रवासी लंबे समय से इस समस्या के स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं।

आयुक्त ने किया मौके पर पैदल निरीक्षण, एस्टिमेट बनाने का निर्देश 

संस्कार स्कूल से चिराग होटल तक पैदल निरीक्षण : 

नगर निगम में एक दिन पहले शहर की सफाई, प्रकाश व्यवस्था और वार्डों की समस्याओं को लेकर उप महापौर सहित पार्षदों ने आयुक्त को अवगत कराया था। इसी दौरान पार्षद भगवानसिंह मेड़तिया ने वल्लभ गार्डन क्षेत्र के गंदे नाले की समस्या प्रमुखता से उठाई।इसके बाद गुरुवार शाम करीब 5 बजे निगम आयुक्त सिद्धार्थ पलानीचामी निगम अधिकारियों और टेक्नोक्राफ्ट कंपनी के प्रतिनिधियों के साथ संस्कार स्कूल के पास पहुंचे। यहां से पैदल चलते हुए अधिकारियों ने क्षेत्र की महिलाओं और स्थानीय निवासियों के साथ चिराग होटल तक नाले का निरीक्षण किया। इस दौरान लोगों ने नाले के कारण होने वाली परेशानियों से अधिकारियों को अवगत कराया।

अधिकारियों को एस्टीमेट बनाने के निर्देश : 

निरीक्षण के बाद निगम आयुक्त ने एडिशनल चीफ पवन बंसल और तकनीकी अधिकारियों को समस्या के समाधान के लिए शीघ्र एस्टीमेट तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। आयुक्त ने पार्षद भगवानसिंह मेड़तिया को भी समस्या के निस्तारण के लिए आश्वस्त किया। पार्षद भगवानसिंह मेड़तिया ने क्षेत्र की समस्या को निगम के सामने प्रभावी ढंग से उठाते हुए अधिकारियों को मौके पर बुलाया, ताकि समस्या की वास्तविक स्थिति सामने आ सके। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि निरीक्षण और एस्टीमेट की प्रक्रिया के बाद वर्षों से चली आ रही परेशानी के समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। निरीक्षण के दौरान वल्लभ गार्डन और सुदर्शना नगर क्षेत्र के करीब 100 से 150 लोग, जिनमें बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल थीं, मौजूद रहे। इनमें अनिल सिंह, पवन सिंह, अरुण सोलंकी, विजय सिंह राठौड़, नर्सिंग सेवक, सुब्रत पांडे, संतोष शर्मा, गरिमा तनेजा, जग्गी हर्ष, रमेश छिपा, विक्रम सिंह और छतर सिंह सहित अनेक क्षेत्रवासी शामिल थे।

चुनाव प्रचार में किया था वादा 

जीत की राह : वार्ड 78 में निवास, 08 से चुनावी मैदान में; 1,730 वोटों से जीते : 

नगर निगम चुनाव में वार्ड बदलकर चुनाव लड़ना किसी भी प्रत्याशी के लिए आसान फैसला नहीं होता। खासकर तब, जब उसका मूल निवास दूसरे वार्ड में हो और नए क्षेत्र में मतदाताओं के बीच अपनी पहचान तथा भरोसा स्थापित करना हो। वार्ड संख्या 08 में भगवानसिंह मेड़तिया की जीत इसी चुनावी पहलू के कारण चर्चा में है। मूल रूप से वार्ड संख्या 78 के निवासी मेड़तिया ने वार्ड 08 से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ा और 1,730 वोटों के बड़े अंतर से जीत दर्ज की।
मेड़तिया को कुल 2,446 वोट मिले, जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस के नवीन जांगिड़ को 716 वोट प्राप्त हुए। दोनों के बीच 1,730 वोटों का अंतर रहा। उपलब्ध नतीजों के अनुसार, मेड़तिया को वार्ड में पड़े वैध मतों का करीब 62.6 प्रतिशत समर्थन मिला।