विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए ध्यान सत्र आयोजित
RNE Bikaner
बीकानेर, राजकीय डूंगर महाविद्यालय में सोमवार को बाल मित्र प्रोजेक्ट के अंतर्गत बी.ए. प्रथम सेमेस्टर के विद्यार्थियों के लिए विपस्सना ध्यान सत्र का आयोजन किया गया।
सत्र का शुभारंभ प्रो. अन्नाराम शर्मा ने किया। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी में बढ़ते तनाव को दूर करने, मानसिक शांति और एकाग्रता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राज्य सरकार द्वारा बाल मित्र प्रोजेक्ट प्रारंभ किया गया है।
कार्यक्रम में ध्यान आचार्य ने विद्यार्थियों को विपस्सना ध्यान के मूलभूत सिद्धांतों, श्वास पर ध्यान केंद्रित करने (आना पाना सति) और अपनी शारीरिक व मानसिक संवेदनाओं के प्रति जागरूक रहने की तकनीक का अभ्यास कराया। उन्होंने बताया कि आज के डिजिटल युग और प्रतिस्पर्धात्मक माहौल में विद्यार्थियों के लिए मानसिक स्पष्टता और आत्म-नियंत्रण बेहद आवश्यक है। विपस्सना के नियमित अभ्यास से न केवल अकादमिक प्रदर्शन में सुधार होगा। साथ ही मानसिक तनाव और चिंताओं से भी स्थायी राहत मिलेगी।
इस दौरान धम्मा थली विपस्सना ध्यान केंद्र के अनिल मेहता ने तनावमुक्ति रहने के तरीकों के बारे में बताया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अनुभव साझा करते हुए कहा कि इस सत्र से उन्हें अत्यधिक मानसिक शांति का अनुभव हुआ है और वे इसे अपनी दैनिक दिनचर्या में शामिल करेंगे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. इला चारण ने किया।