राजस्थानी गीतकार, कवि दुर्गादान सिंह का निधन, श्रृंगार के गीतों के राजा कहलाते थे हाड़ौती के ये कवि
RNE Special.
राजस्थानी कवि, गीतकार कोटा के दुर्गादान सिंह गौड़ का कल निधन हो गया। हाड़ौती के इस मधुर गीतकार ने पूरे देश में अपने राजस्थानी गीतों के माध्यम से एक खास पहचान बनाई थी। गौड़ श्रृंगार के बहुत ही समर्थ गीतकार थे।
देश के हर हिस्से में होने वाले कवि सम्मेलन में उनकी शिरकत रहती थी और वे वहां राजस्थानी भाषा का परचम फहराया करते थे। उनके श्रृंगार के गीतों को लोग घर घर में चाव से गुनगुनाते थे।
गौड़ पिछले कुछ समय से बीमार थे और कोटा के अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। उनके निधन पर डॉ अर्जुन देव चारण, डॉ मंगत बादल, भंवर सिंह सामौर, मुकुट मणिराज, मधु आचार्य ' आशावादी ', राजेश व्यास, ब्रजरतन जोशी, ओम नागर, कमल रंगा, मालचंद तिवाड़ी, नगेन्द्र किराडू, किरण बादल, कृष्ण कुमार आशु, धीरेंद्र आचार्य, सुकान्त किराडू, गिरिराज पारीक, रोशन बाफना, कासिम बीकानेरी आदि ने शोक व्यक्त किया है।