भगवानसिंह मेड़तिया के समर्थन में कलेक्ट्रेट में उमड़ा सर्व समाज, मेड़तिया ने बिजली कंपनी पर हल्ला बोला, पुलिस पर भी निशाना
RNE Bikaner.
भाजपा नेता भगवानसिंह मेड़तिया के खिलाफ दर्ज एफआईआर के विरोध में जिला कलेक्ट्रेट में सर्व समाज का गुस्सा नजर आया। सैकड़ों की संख्या में लोग कलेक्ट्रेट पहुंचे और बिजली कंपनी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन में भाजपा कार्यकर्ताओं, अधिवक्ताओं, सामाजिक संगठनों और विभिन्न समाजों के लोगों की बड़ी भागीदारी देखने को मिली।
प्रदर्शनकारियों की भारी भीड़ के बीच भगवानसिंह मेड़तिया ने मंच संभाला और बिजली कंपनी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता की आवाज उठाने वालों को निशाना बनाया जा रहा है, जबकि बिजली उपभोक्ताओं की समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा।
गौरतलब है कि कुछ दिन पहले बिजली कंपनी के खिलाफ हुए एक प्रदर्शन के दौरान भगवानसिंह मेड़तिया के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। इस कार्रवाई के बाद से भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों में नाराजगी बनी हुई है। कार्यकर्ताओं का कहना है कि जनहित के मुद्दे उठाने पर एफआईआर दर्ज करना अनुचित है। यही नाराजगी कलेक्ट्रेट पर हुए प्रदर्शन में खुलकर दिखाई दी। प्रदर्शनकारियों ने एफआईआर वापस लेने और बिजली कंपनी की कार्यप्रणाली की जांच की मांग की।
कलेक्ट्रेट परिसर में नारेबाजी, पुलिस रही मुस्तैद :
प्रदर्शन के दौरान कलेक्ट्रेट के बाहर "बिजली कंपनी होश में आओ" और "जनता की आवाज दबाना बंद करो" जैसे नारे गूंजते रहे। बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी को देखते हुए पुलिस बल भी तैनात रहा और पूरे घटनाक्रम पर नजर रखी गई। गौरतलब है कि इससे पहले बार एसोसिएशन और बार काउंसिल से जुड़े अधिवक्ताओं ने भी मेड़तिया के समर्थन में आवाज उठाई। अधिवक्ताओं ने इस संबंध में ज्ञापन भी दिए।
भाजपा सरकार में भाजपा नेता पर कार्रवाई :
राजस्थान में भाजपा की सरकार होने के बावजूद भाजपा नेता पर एफआईआर दर्ज होने को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच भी असंतोष दिखाई दिया। प्रदर्शन में मौजूद कई कार्यकर्ताओं का कहना था कि जनता के मुद्दों को उठाने वाले नेताओं को संरक्षण मिलना चाहिए, न कि उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। यही वजह है कि यह प्रदर्शन अब राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है। सड़कों पर उतरे कार्यकर्ताओं और सर्व समाज की भीड़ ने साफ संकेत दिया है कि यह मामला केवल एक एफआईआर तक सीमित नहीं रहा, बल्कि राजनीतिक संदेश से भी जुड़ गया है।