{"vars":{"id": "127470:4976"}}

Trump बोले- "सालों तक अमेरिका का फायदा उठाता रहा भारत, अब अमेरिका कमा रहा" 

 
पीएम मोदी को बताया अच्छा दोस्त; ट्रेड डील जल्द होने की जताई उम्मीद

RNE New Delhi.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर भारत को लेकर ऐसा बयान दिया है, जिसने राजनीतिक और व्यापारिक हलकों में चर्चा छेड़ दी है। ट्रंप ने कहा कि भारत ने वर्षों तक अमेरिका के साथ व्यापार में फायदा उठाया, लेकिन अब परिस्थितियां बदल चुकी हैं और अमेरिका भारत के साथ व्यापार से अच्छा मुनाफा कमा रहा है। हालांकि उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जमकर तारीफ करते हुए उन्हें अपना "अच्छा दोस्त" बताया और दोनों देशों के बीच जल्द व्यापार समझौता होने की उम्मीद भी जताई।

व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के साथ उनके व्यक्तिगत संबंध बेहद अच्छे हैं और दोनों देशों के रिश्ते लगातार मजबूत हो रहे हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि भारत और अमेरिका के बीच लंबे समय से चल रही व्यापार वार्ताएं जल्द किसी ठोस समझौते तक पहुंच सकती हैं।

ट्रंप ने कहा, "मुझे आपके प्रधानमंत्री बहुत पसंद हैं। वह मेरे अच्छे दोस्त हैं और हमारी आपस में खूब बनती है। हमारे रिश्ते बहुत अच्छे हैं।" इसके साथ ही उन्होंने व्यापारिक असंतुलन का मुद्दा उठाते हुए दावा किया कि अतीत में भारत ने अमेरिका पर भारी टैरिफ लगाए और व्यापारिक लाभ हासिल किया, लेकिन अब स्थिति बदल गई है।

अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, "सालों तक भारत ने अमेरिका का फायदा उठाया। उन्होंने हम पर बहुत ज्यादा टैरिफ लगाए और बदले में कुछ नहीं दिया। अब स्थिति उलट है और हम भारत के साथ व्यापार से काफी पैसा कमा रहे हैं।"

ट्रेड डील पर टिकी निगाहें  :

ट्रंप का यह बयान ऐसे समय आया है जब भारत और अमेरिका के बीच व्यापक व्यापार समझौते को लेकर बातचीत जारी है। दोनों देश व्यापारिक बाधाओं को कम करने, निवेश बढ़ाने और रणनीतिक सहयोग को नई दिशा देने के प्रयासों में जुटे हैं। ट्रंप के ताजा बयान को इसी प्रक्रिया का महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।

भारत में चर्चा तेज :

ट्रंप के बयान ने भारत में भी राजनीतिक और आर्थिक हलकों का ध्यान खींचा है। एक ओर उन्होंने पीएम मोदी को अपना करीबी मित्र बताया, वहीं दूसरी ओर भारत पर व्यापारिक लाभ उठाने का आरोप दोहराया। ऐसे में उनके इस बयान को मित्रता और दबाव की दोहरी रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।