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Rajasthan : 5 कृषि विश्वविद्यालयों के कुलगुरु एक मंच पर, राज्यपाल-सीएम और कृषि मंत्री से हुई बड़ी बैठक

 

Rudra News Express Jaipur- Bikaner.

 

राजस्थान के पाँचों राज्य कृषि विश्वविद्यालयों के कुलगुरुओं के प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को राज्यपाल एवं कुलाधिपति हरिभाऊ किसनराव बागड़े, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा से शिष्टाचार भेंट कर कृषि शिक्षा, अनुसंधान, नवाचार और किसानों के हित में समन्वित कार्ययोजना पर विस्तार से चर्चा की।

बैठक में कृषि शिक्षा को राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप मजबूत बनाने, आधुनिक तकनीकों को बढ़ावा देने और किसानों तक नई तकनीकों के प्रभावी हस्तांतरण पर विशेष जोर दिया गया।

 

प्रतिनिधिमंडल में ये कुलगुरु शामिल :

डॉ. पुष्पेन्द्र सिंह चौहान, कुलगुरु, श्री कर्ण नरेंद्र कृषि विश्वविद्यालय, जोबनेर एवं कुलगुरु समन्वय समिति के अध्यक्ष

डॉ. आर.बी. दूबे, कुलगुरु, स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्वविद्यालय, बीकानेर

डॉ. प्रताप सिंह, कुलगुरु, महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, उदयपुर

डॉ. वी.एस. जैतावत, कुलगुरु, कृषि विश्वविद्यालय, जोधपुर

डॉ. विमला डुकवाल, कुलगुरु, कृषि विश्वविद्यालय, कोटा

राज्यपाल ने दिया यह संदेश :

राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े ने कहा कि कृषि शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार का अंतिम उद्देश्य किसानों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना होना चाहिए। उन्होंने वैज्ञानिक अनुसंधान को जनहित से जोड़ने, विद्यार्थियों में नवाचार की भावना विकसित करने तथा आधुनिक कृषि तकनीकों को गांव-गांव तक पहुंचाने का आह्वान किया।

मुख्यमंत्री के सामने रखी भविष्य की योजना :

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के साथ हुई बैठक में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के प्रभावी क्रियान्वयन, डिजिटल कृषि, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), ड्रोन तकनीक, प्रिसीजन फार्मिंग, जलवायु परिवर्तन के अनुरूप कृषि तकनीकों, अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं तथा कृषि स्टार्टअप और उद्यमिता को बढ़ावा देने जैसे विषयों पर चर्चा हुई।

प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को उन्नत फसल किस्मों, प्राकृतिक एवं जैविक खेती, जल संरक्षण, सूक्ष्म सिंचाई, कृषि यंत्रीकरण, मूल्य संवर्धन तथा किसानों के कौशल विकास कार्यक्रमों की जानकारी भी दी।

मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालयों के प्रयासों की सराहना करते हुए किसान-केंद्रित अनुसंधान और विश्वविद्यालयों के बीच बेहतर समन्वय पर बल दिया तथा राज्य सरकार की ओर से हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।

कृषि मंत्री ने क्या कहा?

कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि कृषि विश्वविद्यालय राज्य के कृषि विकास की आधारशिला हैं। उन्होंने वैज्ञानिकों से किसानों की जरूरतों के अनुरूप व्यवहारिक तकनीकों के विकास और कृषि प्रसार तंत्र को अधिक प्रभावी बनाने का आह्वान किया, ताकि अनुसंधान का लाभ हर किसान तक पहुंच सके।