Budget 2026-27: सेंसेक्स 2000 अंक गिरा, नया इनकम टैक्स एक्ट 01 अप्रैल से, टैक्स स्लेब में कोई बदलाव नहीं
03 आयुर्वेदिक AIIMS बनेंगे
RNE New Delhi.
वित्त मंत्री निर्मल सीतारमन ने बजट भाषण पढ़ती गई और बाजार यानी सेंसेक्स गिरता गया। वित्त मंत्री के 01 घंटा 26 मिनट लंबे बजट भाषण के दौरान देश की इकोनोमी की ईसीजी कहे जाने वाला यह ग्राफ 2000 अंक तक गिर गया। मतलब यह कि बजट से बाजार खुश नहीं बल्कि थोड़ा बहुत चिंतित हुआ है।
इससे इतर वित्त मंत्री ने इस कर्तव्य भवन में तैयार किए गए इस पहले बजट को देश के प्रति 03 कर्तव्यों का ड्राफ्ट बताया। बजट में कई बड़ी और नई घोषणाएं हुई है। नया इनकम टैक्स एक्ट 01 अप्रैल से लागू होगा। टैक्स स्लेब में कोई बदलाव नहीं किया गया है। स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार, निवेश, उद्यम, कृषि, व्यापार, इंफ्रा आदि से जुड़ी कई नई बातें सामने आई है।
सरकार का मानना है कि यह बजट भारत को आर्थिक रूप से मजबूत बनाते हुए 2047 तक विकसित राष्ट्र के लक्ष्य को साकार करने में अहम भूमिका निभाएगा। बजट निवेश, रोजगार, तकनीक, हरित ऊर्जा और सरल टैक्स व्यवस्था के माध्यम से समावेशी विकास पर केंद्रित है
03 कर्तव्य कौनसे, क्या होगा :
केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारामन ने कहा, यह बजट तीन प्रमुख कर्तव्यों—तेज़ आर्थिक विकास, लोगों की क्षमता वृद्धि और सबका साथ–सबका विकास—पर आधारित है। कर्तव्य भवन में तैयार किया गया यह पहला बजट भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य को आगे बढ़ाने का रोडमैप प्रस्तुत करता है।
बजट में ₹53.5 लाख करोड़ के कुल व्यय का प्रस्ताव है, जबकि राजकोषीय घाटा GDP के 4.3 प्रतिशत पर सीमित रखा गया है। केंद्र सरकार की पूंजीगत व्यय राशि बढ़ाकर ₹12.2 लाख करोड़ कर दी गई है, जिससे इंफ्रास्ट्रक्चर और रोजगार सृजन को गति मिलने की उम्मीद है।
उद्योग, वीनिर्माण को ताकत :
- ₹10,000 करोड़ का निवेश कर ‘बायोफार्मा शक्ति’ योजना में भारत को वैश्विक बायोफार्मा हब बनाने का लक्ष्य।
- ₹40,000 करोड़ का प्रावधान सेमीकंडक्टर मिशन 2.0, इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण के लिए।
- दुर्लभ खनिज गलियारों की स्थापना का प्रस्ताव।
- ₹10,000 करोड़ का SME ग्रोथ फंड, एमएसएमई क्षेत्र को मजबूत करने के लिए।
- लीगेसी इंडस्ट्रियल क्लस्टरों का पुनरुद्धार।
- टियर-2 व टियर-3 शहरों में प्रोफेशनल सपोर्ट उपलब्ध कराने की घोषणा।
यूं बढ़ाएंगे किसानों की आय :
मत्स्य पालन, पशुपालन और अमृत सरोवरों के एकीकृत विकास को बढ़ावा दिया गया है। नारियल, काजू, कोको, चंदन और गिरीदार फसलों जैसी उच्च मूल्य वाली कृषि को विशेष समर्थन।
‘भारत-विस्तार’ एआई प्लेटफॉर्म के जरिए किसानों को डिजिटल सेवाओं से जोड़ा जाएगा।
युवाओं के लिए : शिक्षा, कौशल और रोजगार :
- युवाओं के लिए Education to Employment स्थायी समिति गठित करने का प्रस्ताव।
- औद्योगिक कॉरिडोर के आसपास पांच यूनिवर्सिटी टाउनशिप के निर्माण में राज्यों की सहायता।
- ऑरेंज इकोनॉमी को बढ़ावा देने के लिए AVGC कंटेंट क्रिएटर लैब्स।
- पर्यटन क्षेत्र में 10,000 गाइडों के कौशल विकास की योजना।
स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा :
- 01 लाख नए एलाइड हेल्थ प्रोफेशनल्स जोड़ेंगे।
- 03 नए अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थानों की स्थापना।
- उत्तर भारत में NIMHANS-2 की घोषणा।
- बुजुर्गों की देखभाल के लिए विशेष केयर सिस्टम।
Tax System में बड़े सुधार :
- नया आयकर अधिनियम, 2025 पेश किया गया था जो 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा।
- विदेश यात्रा पैकेज पर टीसीएस की दर घटाकर 2 प्रतिशत।
- छोटे करदाताओं के लिए रिटर्न फाइलिंग और संशोधित रिटर्न की समय सीमा बढ़ाने जैसे कई राहतकारी उपाय।
- अप्रत्यक्ष करों के तहत दवाओं, इलेक्ट्रॉनिक्स, सोलर, बैटरी, रक्षा और न्यूक्लियर सेक्टर को कस्टम ड्यूटी में छूट।
- व्यक्तिगत उपयोग के लिए आयातित वस्तुओं पर सीमा शुल्क 20 प्रतिशत से घटाकर 10 प्रतिशत।