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Rajasthan Vidhansabha : प्राथमिक शिक्षा विधेयक-1964 पर डॉ. बी.डी. कल्ला का लीक से हटकर भाषण, मुरलीधर व्यास का जिक्र किया 
 

 

Rudra News Express Jaipur-Bikaner. 

राजस्थान विधानसभा के 75वें वर्ष के उपलक्ष्य में बुधवार को आयोजित वर्तमान एवं पूर्व विधायकों के समागम में बीकानेर से छह बार विधायक रहे और पूर्व शिक्षा मंत्री डॉ. बी.डी. कल्ला अपने प्रभावशाली भाषण के कारण चर्चा का केंद्र बने। वर्तमान में विधायक नहीं होने के बावजूद डॉ. कल्ला ने अपने अनुभव और विषय की गहरी समझ से ऐसा संबोधन दिया कि सदन में मौजूद जनप्रतिनिधियों और अतिथियों ने भी उसकी सराहना की।

समारोह में उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े तथा मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सहित कई गणमान्य अतिथि मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान पूर्व एवं वर्तमान विधायकों का सम्मान भी किया गया, जिसमें उपराष्ट्रपति ने डॉ. बी.डी. कल्ला का सम्मान किया।

जानिए किस विषय पर बोले कल्ला : 

विधानसभा के अमृतकाल समारोह के अंतर्गत आयोजित दो विशेष सत्रों में पिछले 75 वर्षों में पारित 24 महत्वपूर्ण कानूनों पर 16 वर्तमान एवं पूर्व अनुभवी विधायकों ने अपने विचार रखे। इसी क्रम में डॉ. बी.डी. कल्ला ने 'राजस्थान प्राथमिक शिक्षा विधेयक, 1964' पर अपने विचार प्रस्तुत किए।

अपने संबोधन में डॉ. कल्ला ने तत्कालीन बीकानेर विधायक मुरलीधर व्यास का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि वर्ष 1964 में जब यह विधेयक सदन में आया था, तब मुरलीधर व्यास ने इस पर अत्यंत महत्वपूर्ण और दूरदर्शी सुझाव दिए थे।

डॉ. कल्ला का भाषण तथ्यों, ऐतिहासिक संदर्भों और विधानसभा की गौरवशाली परंपराओं के उल्लेख के कारण अन्य वक्तव्यों से अलग नजर आया। सदन में मौजूद सदस्यों ने उनके विचारों को गंभीरता से सुना और उनके संबोधन की व्यापक सराहना हुई।