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New Ring Road : हरियाणा में 1900 करोड़ से बनेगा 41 किमी लंबा नया रिंग रोड, 20 गांव के किसानों को मिलेंगे 1000 करोड़ रुपए

हिसार-कैथल चंडीगढ़ रोड (एनएच-52) पर जुड़ेगा। इस परियोजना की अनुमानित लागत करीब 1900 करोड़ रुपए है, जिसमें से 1000 करोड़ रुपए भूमि अधिग्रहण और शेष निर्माण कार्य पर खर्च होंगे। करीब 270 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित की जाएगी।
 

हरियाणा सरकार ने नए रिंग रोड की सौगात दी है। यह रिंग रोड 41 किलोमीटर लंबा होगा और इसके निर्माण पर 1900 करोड़ रुपये की राशि खर्च की जाएगी। यह रिंग रोड हिसार शहर के आसपास बनेगा। इसकी शुरुआत गांव गंगवा के पास राजगढ़ रोड से देवा कट के नजदीक से शुरुआत होगी। यह रिंग रोड दो दर्जन गांवों के नजदीक से निकलेगा। कई गांवों की कृषि की जमीन पर इसे बनाया जाएगा। सीएम नायब सैनी ने हिसार शहर की इस महत्वपूर्ण परियोजना को मंजूरी दे दी है।

यह रिंग रोड हिसार-राजगढ़ रोड (एनएच-52) से शुरू होकर हिसार-दिल्ली रोड (एनएच-9) को पार करते हुए हिसार-कैथल चंडीगढ़ रोड (एनएच-52) पर जुड़ेगा। इस परियोजना की अनुमानित लागत करीब 1900 करोड़ रुपए है, जिसमें से 1000 करोड़ रुपए भूमि अधिग्रहण और शेष निर्माण कार्य पर खर्च होंगे। करीब 270 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित की जाएगी। रिंग रोड निर्माण से हिसार के यातायात को बड़ी राहत मिलेगी, खासकर भारी वाहनों को शहर के बीच से नहीं गुजरना पड़ेगा।

प्रोजेक्ट को एनएचएआई करेगी आधा खर्च राज्य सरकार उठाएगी

पीडब्ल्यूडी मंत्री रणबीर गंगवा ने बताया कि इस प्रोजेक्ट को एनएचएआई तैयार करेगी। प्रोजेक्ट पर जो खर्च आएगा यानी जमीन अधिग्रहण का आधा खर्च करीब 500 करोड़ रुपए प्रदेश सरकार वहन करेगी। शेष बजट केंद्र से आएगा। यह रिंग रोड हिसार के शहरी और ग्रामीण क्षेत्र के लिए फायदेमंद साबित होगा।

दिल्ली रोड और चंडीगढ़ रोड के बीच वैकल्पिक मार्ग मिलेगा

वर्तमान में हिसार में चंडीगढ़ रोड से सिरसा रोड और फिर राजगढ़ रोड तक बाइपास है, लेकिन दिल्ली रोड और चंडीगढ़ रोड के बीच कोई वैकल्पिक मार्ग नहीं था। करीब 6-7 साल से रिंग रोड की मांग उठ रही थी, जो अब पूरी होने की उम्मीद है। रिंग रोड के बनने से शहर के चारों ओर एक ट्रैफिक फ्री रिंग बन जाएगी। भारी वाहन शहर के अंदर प्रवेश किए बिना ही बाहर से गुजर सकेंगे, जिससे प्रदूषण और ट्रैफिक जाम में कमी आएगी।

बजट मंजूरी पर भूमि अधिग्रहण होगा 

हिसार  रिंग रोड गांव देवा से शुरू होकर कैमरी, भगाना, लाडवा, मय्यड़, खरड़, नियाणा, मिर्जापुर और धान्सू होते हुए तलवंडी राणा तक पहुंचेगा। इसमें डाबड़ा गांव रिंग रोड के अंदर आएगा, लाडवा बाहर रहेगा। इसी तरह मय्यड़ व खरड़ दोनों गांव रिंग रोड के अंदर रहेंगे। नियाणा, मिर्जापुर धान्सू के उपर से जाते हुए सीधे तलवंडी के ऊपर से चंडीगढ़ रोड पर मिल जाएगा।

रास्ते में यह कई प्रमुख गांवों के करीब से गुजरेगा, जिससे आसपास के दो दर्जन से अधिक गांवों को लाभ मिलेगा। इस परियोजना को भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के सहयोग से क्रियान्वित किया जाएगा। एनएचएआई ने इस परियोजना का डीपीआर और एस्टीमेट तैयार कर मुख्यालय भेज दिया है। अब जैसे ही बजट स्वीकृति मिलेगी, भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।