{"vars":{"id": "127470:4976"}}

Rajasthan Unique Case : पति के जाते ही भतीजे को बुलाकर करती थी शर्मसार कृत्य, अब महिला को काटनी होगी 20 साल कैद

महिला ने पहले भतीजे पर करवा दिया था दुष्कर्म करने का केस दर्ज 
 
 

राजस्थान के अलवर में एक महिला को पति के जाते ही भतीजे को बुलाकर शर्मसार कृत्य करना अब महंगा पड़ गया है। पति जैसे ही घर से बाहर निकलता तो महिला अपने भतीजे को बुला लेती और उसके साथ हम बिस्तर हो जाती थी। बाद में जैसे ही पति को पता चला तो महिला ने भतीजे पर ही दुष्कर्म का केस दर्ज करवाया दिया।

जब इस केस की जांच की गई तो सामने आया कि मामला उल्टा है। जिस भतीजे पर दुष्कर्म के आरोप लगाए है वह नाबालिग है। महिला पति के जाते ही खुद ही भतीजे को घर पर बुलाती थी। इस पर कोर्ट ने महिला को ही 20 साल की कैद की सजा सुनाई है।  हालांकि महिला के नौ माह का बच्चा भी है और ऐसे में बच्चे को बिना  किसी गुनाह के महिला के साथ जेल में रहना पड़ेगा। 

महिला ने पहले आरोप लगाया था कि उसके रिश्ते में भतीजे ने घर में घुसकर उसके साथ दुष्कर्म किया और उसकी वीडियो बना ली और उसको सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देर रहा है। तिजारा थाने में पुलिस ने महिला की शिकायत पर 11 अगस्त 2024 को मामला दर्ज कर लिया था।

पुलिस ने जब जांच शुरू की तो वह भी हैरान रह गई और महिला द्वारा लगाए गए आरोप ही उल्टे निकले।  जहां पर सामने आया कि पति के घर से जाते ही महिला अपने नाबालिग भतीजे को फोन करके घर बुला लेती थी और अपनी मर्जी से भतीजे के साथ संबंध बनाती थी।

इस पर अदालत ने इस रिश्ते को गंभीरता से लिया और जज ने कहा कि चाची का दर्जा मां समान होता है। ऐसा कृत्य शर्मसार करने वाला है। जबकि महिला ने आरोप लगाया था कि छह माह से नाबालिग भतीजा उसके साथ दुष्कर्म कर रहा है। 

पुलिस ने जांच करते हुए दोनों की कॉल रिकॉर्डिंग निकलवाई। दोनों के बीच करीब 6 महीने में 832 बार मोबाइल पर बात हुई थी। इस पर पुलिस को मामला संदिग्ध लगा। जिस समय रेप करने का जिक्र किया। उस समय भतीजा नाबालिग था। जांच में सामने आया कि महिला से रेप नहीं किया गया। घरवालों के बाहर जाने पर महिला ही भतीजे को अपने घर बुलाती थी।

उसके बाद से मामला अदालत में चल रहा था।  जहां पर सामने आया कि महिला नाबालिग भतीजे के साथ गलत थी। इस पर अदालत ने पुलिस द्वारा पेश किए गए सबूत के आधार पर महिला को दोषी मानते हुए 20 साल की जेल की सजा सुना दी। मुकदमे के समय महिला गर्भवती थी। उसके बेटा हुआ।