Youth Congress Election : अभिषेक चौधरी को 6.15 लाख वोट अध्यक्ष बनना तय, अनिल चोपड़ा को 5.45 लाख वोट मिले, इंटरव्यू बाकी
Rudra News Express Jaipur.
राजस्थान यूथ कांग्रेस के संगठनात्मक चुनाव में प्रदेश अध्यक्ष पद की तस्वीर अब काफी हद तक साफ हो गई है। रविवार को घोषित परिणामों में अभिषेक चौधरी ने सबसे ज्यादा 6 लाख 15 हजार 57 वोट हासिल किए, जबकि अनिल चोपड़ा 5.45 लाख के करीब वोट के साथ दूसरे स्थान पर रहे। दोनों के बीच करीब 70 हजार वोट का अंतर है। हालांकि सर्वाधिक वोट हासिल करना अध्यक्ष पद की अंतिम गारंटी नहीं है। चुनाव प्रक्रिया के अनुसार शीर्ष तीन वोट प्राप्त करने वाले उम्मीदवारों को दिल्ली बुलाकर इंटरव्यू लिया जाना है और उसके बाद ही प्रदेश अध्यक्ष के नाम पर अंतिम मुहर लगेगी।
वोटों में अभिषेक की बढ़त, इंटरव्यू बाकी :
प्रदेश अध्यक्ष पद की दौड़ में शुरुआत से अभिषेक चौधरी और अनिल चोपड़ा को प्रमुख दावेदार माना जा रहा था। चुनाव परिणाम में अभिषेक ने चोपड़ा पर करीब 70 हजार वोट की बढ़त बनाई है। एक रिपोर्ट में अभिषेक के वोटों की संख्या 6,15,057 बताई गई है, जबकि अन्य रिपोर्टों में चोपड़ा के वोट करीब 5.45 लाख बताए गए हैं।
यूथ कांग्रेस की चुनाव प्रक्रिया में वोटों की स्क्रूटनी और इंटरव्यू दोनों अहम चरण हैं। मतदान के बाद वोटों को अप्रूव, रिजेक्ट और होल्ड की श्रेणियों में जांचे जाने की प्रक्रिया बताई गई थी। इसके बाद शीर्ष तीन उम्मीदवारों का इंटरव्यू होना है। इसलिए मौजूदा परिणाम को वोटों की स्थिति के रूप में देखना ज्यादा सटीक होगा, न कि सीधे अंतिम अध्यक्ष पद के फैसले के रूप में।
34.33 लाख से ज्यादा सदस्य हुए थे पंजीकृत :
इस बार राजस्थान यूथ कांग्रेस का संगठनात्मक चुनाव बड़े सदस्यता अभियान के साथ हुआ। चुनाव प्रक्रिया के दौरान 34 लाख 33 हजार 12 सदस्यों का पंजीकरण हुआ था। इनमें 28 लाख 81 हजार 188 सदस्यों ने सदस्यता शुल्क जमा किया था। सदस्यता शुल्क 75 रुपए रखा गया था। इस आधार पर चुनावी प्रक्रिया से 21 करोड़ 60 लाख 89 हजार 100 रुपए की राशि जमा होने की जानकारी सामने आई थी।
मतदान प्रदेश अध्यक्ष के अलावा संगठन के विभिन्न स्तरों के पदों के लिए भी हुआ। प्रदेश महासचिव, जिलाध्यक्ष, जिला महासचिव, विधानसभा अध्यक्ष और ब्लॉक अध्यक्ष जैसे पदों के लिए भी मतदान कराया गया था। इस बार ब्लॉक स्तर पर भी संगठनात्मक पद को चुनाव प्रक्रिया में शामिल किया गया।
शुरुआत में 20 से ज्यादा दावेदार, मुकाबला दो चेहरों पर सिमटा :
प्रदेश अध्यक्ष पद के लिए शुरुआत में 20 उम्मीदवार मैदान में थे। बाद के चरण में अभिषेक चौधरी और अनिल चोपड़ा के बीच मुख्य मुकाबला माना गया। राजकुमार परसवाल का नाम भी प्रमुख दावेदारों में सामने आया और उन्होंने मुकाबले को त्रिकोणीय बनाने की कोशिश की। चुनाव प्रक्रिया के तहत शीर्ष तीन उम्मीदवारों को इंटरव्यू के लिए दिल्ली बुलाए जाने की व्यवस्था पहले से बताई गई थी।
फर्जी सदस्यता और वोटिंग के आरोप भी लगे :
यूथ कांग्रेस चुनाव के दौरान प्रक्रिया को लेकर विवाद भी सामने आए थे। अभिषेक चौधरी ने आरोप लगाया था कि कुछ जगहों पर फर्जी आईडी बनाई जा रही हैं और वोट बढ़ाने के लिए गलत तरीके अपनाए जा रहे हैं। कुछ मामलों में भाजपा और आरएलपी से जुड़े नेताओं के मोबाइल नंबरों से कथित तौर पर यूथ कांग्रेस की आईडी बनाए जाने के आरोप भी सामने आए। इन आरोपों को लेकर भाजपा ने भी कांग्रेस की आंतरिक चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाए थे। ये आरोप थे; उपलब्ध रिपोर्टों में इन आरोपों के संबंध में किसी अंतिम आधिकारिक निष्कर्ष की जानकारी नहीं है।
दोनों नेता बड़े चुनाव लड़ चुके हैं :
अभिषेक चौधरी और अनिल चोपड़ा दोनों ही संगठनात्मक राजनीति के साथ प्रत्यक्ष चुनावी राजनीति में भी उतर चुके हैं। अभिषेक चौधरी ने 2023 के राजस्थान विधानसभा चुनाव में जयपुर की झोटवाड़ा सीट से कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ा था। उन्हें 96,055 वोट मिले, जबकि भाजपा के कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ को 1,46,440 वोट मिले और वे विजयी रहे।
अनिल चोपड़ा ने 2024 का लोकसभा चुनाव जयपुर ग्रामीण सीट से कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में लड़ा। यह मुकाबला बेहद करीबी रहा। भाजपा के राव राजेंद्र सिंह को 6,17,877 वोट और अनिल चोपड़ा को 6,16,262 वोट मिले। यानी चोपड़ा सिर्फ 1,615 वोट के अंतर से चुनाव हारे। निर्वाचन विवरणी में राव राजेंद्र सिंह को निर्वाचित घोषित किया गया है।