Bikaner : राजकीय महारानी सुदर्शन कन्या महाविद्यालय में सांस्कृतिक, देशभक्ति व जागरूकता कार्यक्रम
RNE Network.
राजकीय महारानी सुदर्शन कन्या महाविद्यालय में NSS की तृतीय और चतुर्थ इकाई के संयुक्त तत्वावधान में बसंत पंचमी, पराक्रम दिवस तथा राष्ट्रीय मतदाता दिवस की पूर्व संध्या के उपलक्ष्य मे विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।

सर्वप्रथम महाविद्यालय प्राचार्य डॉ नवदीप सिंह बैंस तथा वरिष्ठ संकाय सदस्य प्रो. अभिलाषा आल्हा ने माँ सरस्वती तथा नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा के समक्ष पुष्प अर्पित कर वंदना के साथ कार्यक्रम की शुरुआत की। सभी संकाय सदस्यों ने एक साथ मिलकर माँ सरस्वती की आराधना की। सभी के बीच प्रसाद वितरित किया गया। प्राचार्य ने अपने उद्बोधन में उपस्थित सदन को बसंत ऋतु के आगमन की शुभकामनाएं देते हुए प्रत्येक व्यक्ति के जीवन में नवसंचार की कामना अभिव्यक्त की। प्राचार्य ने स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती के उपलक्ष्य मे मनाए जा रहे "पराक्रम दिवस" की जानकारी साँझा करते हुए अनेक संस्मरणों के माध्यम से नेताजी के जीवन दर्शन को सदन पटल के समक्ष रखा तथा देश की आजादी में ऐसे वीरों की महत्ता पर प्रकाश डाला। प्रो. उज्जवल गोस्वामी और प्रो. संजू श्रीमाली ने बसंत पंचमी पर कविताओं के माध्यम से सदन को सम्मोहित किया। डॉ राधा सोलंकी ने सरस्वती स्तुति गायन के साथ माहौल को भक्तिमय बना दिया। जयपुर में आयोजित राज्य स्तरीय मेगा पीटीएम एवं निपुण मेला समारोह 2026 के लाइव प्रसारण में स्वयंसेविकाओं तथा समस्त संकाय सदस्यों ने अपनी भागीदारी सुनिश्चित करते हुए वन्दे मातरम् का गायन किया। तत्पश्चात एकल गायन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमें स्वयंसेविकाओं ने बसंत ऋतु तथा मतदाता जागरुकता से संबंधित गीतों के माध्यम से अपनी गायन प्रतिभा का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम अधिकारियों अंजु सांगवा और सुनीता बिश्नोई ने स्वयंसेवकों के साथ मिलकर परिसर में आकर्षक रंगोली बनाकर बसंत पंचमी के आगमन पर प्रकृति का स्वागत-सत्कार किया तथा परिसर में फैले सूखे पत्तों को एकत्रित करके उनका समुचित निस्तारण करते हुए श्रमदान किया।
कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए 16 वें राष्ट्रीय मतदाता दिवस की पूर्व संध्या पर प्राचार्य डॉ बैंस ने स्वयंसेवकों को मतदान सुनिश्चित करने हेतु शपथ दिलावाई। जिसके बाद प्राचार्य ने हरी झंडी दिखाकर जनजागृति रैली की शुरुआत की। महाविद्यालय परिसर से शुरू होकर मानव श्रृखंला के रूप में स्वयं सेविकाएं कार्यक्रम अधिकारियों के साथ मिलकर आस-पास के स्थानों तथा कच्ची बस्तियों में गई तथा नारेबाजी के माध्यम से लोगों को शत प्रतिशत व निष्पक्ष मतदान के लिए जागरुक किया। देश के भविष्य निर्माण में युवाओ की भागीदारी विषय पर नुक्कड़ नाटक का आयोजन करते हुए कार्यक्रम अधिकारियों तथा स्वयंसेविकाओं ने 18 वर्ष की आयु को प्राप्त सभी बच्चों का मतदाता पंजीकरण करवाने के लिए परिजनों को प्रेरित किया।

