Oil Crisis : तेल संकट का असर, दुपहिया वाहन को 300, चौपहिये को 1000 रुपये व हैवी ट्रक को 100 लीटर तेल मिलेगा
तेल संकट की अफवाहों में दैनिक जीवन प्रभावित होना शुरू हो गया है। आमजन पैनिक से ग्रस्त होकर पेट्रोल पंपों पर ड्रम बोतलें लेकर पहुंचने शुरू हो गए है
तेल संकट की अफवाहों में दैनिक जीवन प्रभावित होना शुरू हो गया है। आमजन पैनिक से ग्रस्त होकर पेट्रोल पंपों पर ड्रम बोतलें लेकर पहुंचने शुरू हो गए है। शनिवार को हिसार जिले के 300 पेट्रोल पंपों में से 30 प्रतिशत पंपों पर उपरोक्त हाल देखने को मिला। खासतौर पर किसानों को कटाई सीजन में तेल उपलब्ध न होने से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
जिसका असर एक अप्रैल से अनाज मंडियों व खरीद केंद्रों पर देखने को मिलेगा। शनिवार को औद्योगिकी क्षेत्र से बस स्टैंड के बीच पेट्रोल पंपों पर दुपहिया-चौपहिया व बड़े वाहनों को डिमांड से कम तेल दिए। दुपहिये वाहनों में 300 रुपये तक, चौपहिये को 1000 रुपये व ट्रक को 100 लीटर तक तेल दिया गया।
अधिक डिमांड करने वाले चालकों को तेल देने से साफ इंकार कर दिया। कारण था कि आयल मार्केटिंग कंपनियों ने पेट्रोल पंपों को कम तेल देना शुरू कर दिया है। जिससे पेट्रोल पंप संचालकों में नाराजगी बढ़ती जा रही हैं।
तेल संकट की फैली अफवाह पर डीसी ने ड्राइ आउट पेट्रोल पंपों की लिस्ट मांगी है, जहां क्षेत्र के हिसाब से डिमांड अधिक है लेकिन उन्हें तय लीटर के हिसाब तेल मिलने के जल्दी खत्म हो जाता है। जिससे अव्यवस्था फैल रही है।
पैनिक ने बढ़ाई तेल की किल्लत
इंटरनेट मीडिया पर वायरल वीडियो ने लोगों में तेल संकट की पैनिकता बढ़ा दी है। जिस कारण पेट्रोल पंपों पर भीड़ देखने को मिल रही है। जिसका असर सुबह 10 बजे से दोपहर साढ़े 12 बजे के बीच औद्योगिक क्षेत्र से जिंदल चौक के पेट्रोल पंपों पर देखने को मिला। तेल की दोगुनी डिमांड बढ़ने से कुछ पेट्रोल पंपों पर दो घंटे तक तेल की किल्लत रही। लेकिन उसके बाद तेल के वाहन पेट्रोल पंपों पर पहुंचने शुरू हो गए।
आल हरियाणा पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन अध्यक्ष राजकुमार सलेमगढ़ ने बताया कि तेल पर्याप्त माना हो तेल पर्याप्त मात्रा में होने के बावजूद आयल मार्केटिंग कंपनी कटौती है। सिस्टम सही ढंग से काम न न होने से पेट्रोल पंपों पर तेल की किल्लत की परेशानी आ रही है। डीसी को मामले से अवगत कराया जाएगा। सर्वाधिक किसानों को परेशानी हो रही है। सरकार को सख्त संज्ञान लेने की जरूरत है।
हिसार के जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक अमित शेखावत स्थिति पर हमने नजर बनाई हुई है। पेट्रोल पंपों से डिमांड व खपत की जानकारी मांगी जा रही है। हर पेट्रोल पंप संचालक को नोटिस बोर्ड पर तेल की मात्रा की जानकारी चस्पा करनी होगी।

