Anil Kalla का ‘झाड़ू एक्शन’ : रात में सड़क पर उतरे मेयर अनिल कल्ला, MLA जेठानन्द पर विवादित बयान!
चर्चित बयान : विधायक जेठानन्द को "ढंग का आदमी" नहीं मानते मेयर अनिल कल्ला!
मोहता चौक से रात्रिकालीन सफाई अभियान की शुरुआत, दीपावली तक अभियान चलाने का प्रयास; 2 अक्टूबर से नई कंपनी संभालेगी शहर की सफाई व्यवस्था
Rudra News Express Bikaner.
राजस्थान में कांग्रेस के इकलौते मेयर अनिल कल्ला जहां चुनाव जीतने के साथ ही एक्शन मोड में हैं और सफाई के लिए खुद सड़क पर उतरे हैं वहीं उनके इस काम से ज्यादा चर्चा उस बयान की है जो विधायक जेठानन्द व्यास को लेकर दिया है। दरअसल मेयर कल्ला ने शनिवार रात बीकानेर के मोहता चौक से रात्रिकालीन सफाई अभियान शुरू किया। उन्होंने खुद झाड़ू लगाई। इसके साथ ही पूर्व मंत्री डॉक्टर बी डी कल्ला भी झाड़ू लेकर मौजूद रहे। इस मौके पर जब पत्रकारों ने बीकानेर पश्चिम के विधायक जेठानन्द व्यास को लेकर एक सवाल किया तो कल्ला ने तपाक से कहा, किसी "ढंग के आदमी" से तो मेरा कंपेरिजन करो। इससे पहले मेयर पदभार ग्रहण समारोह में खुद को मधुमक्खी की तरह बताते हुए "डंक" मारने की बात कहकर भी वे चर्चा में रहे।
पूर्व मंत्री बी डी कल्ला के साथ सफाई अभियान :
दरअसल पदभार संभालने के बाद बीकानेर के नए महापौर अनिल कल्ला ने सफाई व्यवस्था को लेकर अपना पहला बड़ा मैदानी अभियान शुरू कर दिया है। शनिवार रात मोहता चौक से रात्रिकालीन सफाई अभियान की शुरुआत की गई। खास बात यह रही कि महापौर खुद सड़क पर पहुंचे और सफाई कर्मचारियों के साथ मौके पर रहकर व्यवस्था का जायजा लिया। अभियान के दौरान पूर्व मंत्री डॉ. बीडी कल्ला भी मौजूद रहे और झाड़ू लगाकर अभियान की शुरुआत की।
इस दौरान पूर्व शहर कांग्रेस अध्यक्ष यशपाल गहलोत सहित पार्षद और अन्य लोग भी इस दौरान मौजूद रहे। महापौर अनिल कल्ला ने कहा कि पदभार संभालते समय ही उन्होंने स्वच्छता को अपनी प्राथमिकता बताया था और अब उसी बात को जमीन पर उतारने की शुरुआत की गई है। उनका कहना है कि शहर की सफाई व्यवस्था को केवल कागजों पर नहीं, बल्कि मौके पर जाकर लगातार मॉनिटर करना होगा।
मोहता चौक से क्यों शुरू हुआ अभियान?
रात्रिकालीन सफाई अभियान के लिए पुराने शहर के अंदरूनी क्षेत्र के मोहता चौक को चुना गया। यह इलाका बाजारों और संकरी गलियों वाला प्रमुख क्षेत्र है, जहां दिन के समय लोगों और वाहनों की आवाजाही अधिक रहती है। ऐसे में रात के समय सफाई होने से आमजन की आवाजाही को कम प्रभावित करते हुए सफाई कार्य किया जा सकता है। महापौर ने बताया कि रात्रिकालीन सफाई अभियान को दीपावली तक लगातार चलाने का प्रयास किया जाएगा। दीपावली के आसपास बाजारों और शहर के अंदरूनी हिस्सों में लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है। ऐसे में इन क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था को लेकर विशेष ध्यान देने की जरूरत होगी। उन्होंने कहा कि अभियान का उद्देश्य केवल रात में सफाई करवाना नहीं है, बल्कि शहर की सफाई व्यवस्था को व्यवस्थित तरीके से पटरी पर लाना है। जरूरत के अनुसार आने वाले दिनों में दूसरे क्षेत्रों को भी रात्रिकालीन सफाई अभियान में शामिल किया जा सकता है।
टेन्डर खत्म, कैसे हो रही सफाई :
महापौर अनिल कल्ला ने कहा कि करीब दो वर्षों से नगर निगम में निर्वाचित बोर्ड नहीं था और इस दौरान प्रशासक के माध्यम से कामकाज संचालित हुआ। सफाई व्यवस्था के लिए किए गए पुराने टेंडर की अवधि भी समाप्त हो चुकी है। पुरानी कंपनी का काम 15 सितंबर को पूरा हुआ, जबकि नई कंपनी 2 अक्टूबर से सफाई व्यवस्था संभालेगी। दोनों व्यवस्थाओं के बीच बने अंतराल के कारण शहर के कई हिस्सों में सफाई व्यवस्था प्रभावित हुई और कचरा जमा होने जैसी समस्याएं सामने आईं।

