GovindRam, Viral Video : रविशेखर का हमला-अपनी भाषा पर ध्यान दो, बार-बार हमारा नाम लेना बंद करो!
RNE Bikaner.
एक वायरल वीडियो के बाद विवादों में घिरे कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री गोविंदराम मेघवाल अब चौतरफा घिरने लगे हैं। रामेश्वर डूडी सहित दूसरे समाज के नेताओं पर टिप्पणी से जहां लोग उनसे नाराज है वहीं दलित नेता भी खुलकर विरोध में उतर रहे हैं। इसी कड़ी में शहर कांग्रेस अध्यक्ष मदनगोपाल मेघवाल ने जहां प्रेस कान्फ्रेंस की वहीं केन्द्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल के पुत्र एवं भाजपा नेता रविशेखर मेघवाल ने भी गोविंदराम पर हमला बोला है।

रविशेखर मेघवाल ने पत्रकारों से बातचीत में गोविंदराम को नसीहत के साथ चुनौती दी है। रविशेखर ने गोविंदराम के बयानों की एक लंबी फेहरिस्त गिनाते हुए कहा है, वे अपनी भाषा पर संयम नहीं रख पाते। उलटा-सीधा बोलते हैं और हर बार ठीकरा हमारे सिर पर फोड़ना चाहते हैं। वे बार-बार हमारा नाम लेना बंद करें।

दरअसल रविशेखर मेघवाल ने मंगलवार को बीकानेर में पत्रकारों से बातचीत की। उन्होंने गोविंदराम मेघवाल के कथित वायरल वीडियो सामने आने के बाद दिए गए बयान पर कड़ी आपत्ति जताई। वीडियो वायरल होने के बाद गोविंदराम ने आरोप लगाया था कि इसके पीछे भाजपा नेता रविशेखर मेघवाल का हाथ है। रविशेखर ने उनके बयानों की पूरी सूची पढ़ते हुए कहा, हर बार ऐसा कोई भी वाकया होने के बाद वे मेरा या मेरे पिताजी का नाम लेते हैं। हम संयम से काम लेने वाले हैं। हमारी राजनीति विचार की राजनीति हैं। किसी के लिए ओछे शब्दों का उपयोग नहीं करते। गोविंदरामजी को सलाह देता हूं कि वे बार-बार हमारा नाम लेना बंद करें। ऐसा नहीं हुआ तो आगे जो भी कार्रवाई करनी होग उसके लिए हम स्वतंत्र होंगे। उन्होंने फिलहाल किसी तरह की कानूनी कार्रवाई करने से इनकार किया।

गौरतलब है कि इसी मुद्दे पर गोविंदराम मेघवाल की अपनी ही पार्टी कांग्रेस के शहर अध्यक्ष एवं लोकसभा चुनाव लड़ चुके मदनगोपाल मेघवाल ने भ्भी पत्रकार वार्ता बुलाई। मदनगोपाल मेघवाल ने वीडियो की सत्यता पर कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा, इस वीडियो को लेकर तन पहलू हो सकते हैं। पहला-यह पूरी तरह सही हो। दूसरा-पूरी तरह गलत हो। तीसरा-आधा-अधूरा सच हो मतलब कि तोड़-मरोड़कर बनाया गया हो। इस सबके बावजूद यह सामाजिक विद्वेष पैदा करने और कांग्रेस को नुकसान पहुंचाने की साजिश लगता है। गोविंदराम मेघवाल की ओर से मदनगोपाल पर दिए गए एक बयान का जिक्र आने पर उन्होंने तल्ख लहजे में कहा, पता नहीं उनके पास ऐसी कौनसी मशीन है जिससे पता चल जाता है कि किसने, किसे वोट दिया। मैं तो अपने अपना यह भी नहीं जानता कि मेरी पत्नी ने किसे वोट दिया।
इन सबके बीच गोविंदराम मेघवाल का एक बार फिर बयान आया है। इसमें उन्होंने कहा है कि कुछ लोग मेरे और डूडी परिवार के बीच विद्वेष फैलाना चाहते हैं। रामेश्वर डूडी से मेरे रिश्ते बहुत अच्छे थे। डूडी ने मेरी तब भी मदद की थी जब में बीजेपी के टिकट पर चुनाव लड़ा था।

