RudraNewsExpress_Logo

MP's New Home : सांसदों के लिए टाइप-7 के 184 फ्लैट का उद्घाटन पीएम मोदी ने किया, चार नदियों के नाम पर है ये आवासीय परिसर!

 

RNE New Delhi.
 

देश के सांसद अब कृष्णा, गोदावरी, कोसी और हुगली में रहेंगे। दरअसल ये उन चार बहुमंजिला इमारतों के नाम हैं जिनमें सांसदों के रहने के लिए 184 नए फ्लैट बनाए गए है। इनका उद्घाटन सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया। पीएम मोदी ने सांसदों को 184 नए फ्लैट्स का तोहफा देने के साथ ही सिंदूर का पौधा भी लगाया। 

नई दिल्ली में बाबा खड़क सिंह मार्ग पर सांसदों के लिए टाइप-VII के 184 बहुमंजिला फ्लैटों का उद्घाटन सोमवार को हुआ। इस अवसर पर पीएम मोदी के साथ लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला,  केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर, किरेन रिजिजू भी इस कार्यक्रम में उपस्थित थे। प्रधानमंत्री मोदी ने फ्लैट के निर्माण में लगे श्रमिकों से बातचीत की।
 

बंगलों से भी बड़े और सुविधाजनक हैं ये फ्लैट : 
 

टाइप-VII आवासीय परिसर सांसदों की आवासीय और आधिकारिक दोनों आवश्यकताओं को आधुनिक सुविधाओं के साथ पूरा करता है। राजधानी में सीमित जमीन उपलब्धता के चलते वर्टिकल हाउसिंग को प्राथमिकता दी गई है। प्रत्येक फ्लैट में लगभग 5,000 वर्ग फुट का कार्पेट क्षेत्र होगा। इनमें कार्यालय, कर्मचारियों के आवास और आवासीय सेक्शन शामिल हैं। ये नए फ्लैट  टाइप-VIII बंगलों से भी बड़े हैं जो सरकारी आवास की टॉप कैटेगरी में गिनें जाते हैं।  परिसर के अंदर ही एक कम्यूनिटी सेंटर भी बनाया गया है। बहुमंजिला बिल्डिंग का निर्माण एल्युमीनियम शटरिंग तकनीक के जरिए मोनोलिथिक कंक्रीट का इस्तेमाल करके किया गया है। सभी इमारतों को आधुनिक संरचनात्मक मानकों के अनुरूप भूकंपरोधी बनाया गया है। मजबूत सुरक्षा प्रणाली भी स्थापित की गई है। यह पूरा परिसर दिव्यांगजनों के अनुकूल बनाया गया है।

derer

उद्घाटन अवसर पर यह बोले मोदी : 
 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज मुझे संसद में अपने सहयोगियों के लिए इस रिहायशी कॉम्प्लेक्स के उद्घाटन का अवसर मिला है। इन 4 टॉवर्स के नाम भी बहुत सुंदर हैं- कृष्णा, गोदावरी, कोसी, हुगली, भारत की चार महान नदियां, जो करोड़ों लोगों को जीवन देती हैं। अब उनकी प्रेरणा से हमारे जन प्रतिनिधियों के जीवन में भी आनंद की नई धारा बहेगी। हमारे सांसदों को नए आवासों में कोई समस्या नहीं होगी और वे अपने काम पर अधिक ध्यान केंद्रित कर पाएंगे। इन बहुमंजिला इमारतों में 180 से अधिक सांसद एक साथ रह सकेंगे। पर्याप्त संख्या में सांसद आवासों के अभाव में सरकारी खर्च बहुत अधिक था। सांसद आवासों की कमी के बावजूद, 2014 तक कोई नया आवास नहीं बनाया गया। हमने इस काम को एक अभियान के रूप में लिया। 2014 से अब तक लगभग 350 सांसद आवास बनाए जा चुके हैं। स्वच्छता इस इमारत की पहचान बने, ये हम सबका वादा होना चाहिए। न केवल सांसद आवास बल्कि ये पूरा परिसर हमेशा साफ और स्वच्छ रहे तो कितना ही अच्छा होगा।

FROM AROUND THE WEB