Amritsar-Haridwar Janshatabdi : अमृतसर-हरिद्वार जनशताब्दी एक्सप्रेस में टिकट मिलेगी कंफर्म, कोचों की संख्या बढ़ाई
अमृतसर से हरिद्वार जनशताब्दी एक्सप्रेस 2 सितंबर से एलएचबी (लिंक हाफ बुश) कोच से लैस होकर रवाना होगी
रेलवे ने यात्रियों की सुविधा के लिए अमृतसर से हरिद्वार जनशताब्दी एक्सप्रेस कोचों की संख्या को बढ़ा दिया है। इससे यात्रियों की बड़ी राहत मिलने वाली है और कंफर्म टिकट मिलने की संभावना बढ़ गई है। अमृतसर से हरिद्वार जनशताब्दी एक्सप्रेस 2 सितंबर से एलएचबी (लिंक हाफ बुश) कोच से लैस होकर रवाना होगी।
नॉर्दर्न रेलवे की ओर से 29 अगस्त को इस संबंधी आदेश जारी किए गए हैं। इससे पहले रेलवे की ओर से अप्रैल में आदेश जारी किए थे कि 14 जून से यह ट्रेन एलएचबी कोच के साथ रवाना होगी मगर कोचों का प्रबंध न होने की वजह से इसे टाल दिया गया था। ट्रेन पहले 11 कोच के साथ रवाना होती थी, मगर अब 16 कोच के साथ जाएगी और करीब 788 यात्री सफर कर सकेंगे।
एंटी टेलीस्कोपिक सिस्टम के चलते आपस में नहीं टकराते कोच न होते हैं डीरेल
एलएचबी कोच आरामदायक होते हैं। उक्त ट्रेन जब से शुरू की गई है, तभी से ही आईसीएफ कोच के साथ चल रही थी। ट्रेन में यात्रियों की अकसर गंदगी, सीटों में खराबी और टूटे होने की शिकायत रहती थी। ट्रेन के कोचों को बदलने के लिए श्री दुर्गाणा कमेटी के साथ-साथ विभिन्न संगठनों ने मांग की थी। बता दें कि इस समय आईसीएफ (इंटीग्रल कोच फैक्टरी) का इस्तेमाल हो रहा था।
उसकी तुलना में एलएचबी कोच बेहतर और सुरक्षित होते हैं। एलएचबी कोच एंटी टेलीस्कोपिक सिस्टम से बनाए जाते हैं जो एक-दूसरे से टकराते नहीं और न ही आसानी से डीरेल होते हैं। ये कोच स्टेनलेस स्टील के बने होते हैं जिससे दुर्घटना के समय झटका और ठोकर सहने की क्षमता बढ़ जाती है। इसके अलावा इसका 2 कोचों का कपलिंग सिस्टम इतना अच्छा होता है कि वह 2 कोचों को एक-दूसरे पर चढ़ने से रोकता है।
अब जनशताब्दी में कोचों की होगी इतनी संख्या
अमृतसर से हरिद्वार जनशताब्दी एक्सप्रेस में पहले 11 कोचों के साथ रवाना होती थी मगर अब 16 कोचों के साथ खाना होगी। इमें 11 सेकंड क्लास, 3 एसी और 2 गार्ड एंड लगेज कोच होंगे। कोचों की संख्या बढ़ जाने के कारण यात्रियों को वेटिंग से भी राहत मिलेगी। कोच में मोबाइल होल्डर, फोल्डेबल टेबल, फुट ऑपरेटेड वाटर सिस्टम, डिसेबल टॉयलेट के साथ ही साथ कम्फर्टेबल सीट भी मिलेगी।

