फोन उठाते ही चौंक गए लोग, CM ने खुद सुनी पानी-बिजली और पट्टों की शिकायतें
RNE Jaipur.
गुरुवार रात राजस्थान सचिवालय में उस समय अलग ही नजारा देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा अचानक राजस्थान संपर्क हेल्पलाइन 181 पहुंच गए। यहां उन्होंने अधिकारियों से रिपोर्ट लेने के बजाय सीधे जनता को फोन मिलाना शुरू कर दिया।

फोन की घंटी बजी… उधर से आवाज आई — “हेलो…”
और जवाब में सुनाई दिया — “मैं मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा बोल रहा हूं… अपनी समस्या बताइए।”
यह सुनते ही कई परिवादी कुछ पल के लिए हैरान रह गए। किसी ने बिजली की समस्या बताई, किसी ने पानी की किल्लत, तो किसी ने भूखंड पट्टे की परेशानी सीधे मुख्यमंत्री के सामने रख दी।
“मैं आपके गांव भी आया हूं...”
दौसा के रामगढ़ पचवारा निवासी पुनीराम ने भूखंड पट्टे की समस्या बताई तो मुख्यमंत्री ने आत्मीय अंदाज में कहा — "मैं आपके गांव में भी आया हूं... आपकी समस्या के समाधान के निर्देश दे दिए हैं।” CM की यह बात सुनकर परिवादी की खुशी साफ झलकने लगी।
कोटा से आया बिजली संकट का फोन :
खैराबाद (कोटा) के प्रिंस ने बिजली कटौती की शिकायत की। मुख्यमंत्री ने पूरी बात ध्यान से सुनी और तुरंत अधिकारियों को समाधान के निर्देश दिए।
अजमेर से पानी की गुहार :
अरांई (अजमेर) के हेमराज ने क्षेत्र में पानी की समस्या बताई। मुख्यमंत्री ने विस्तार से जानकारी ली और अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
CM बोले- “181 जनता की आवाज है” :
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राजस्थान संपर्क हेल्पलाइन आमजन की समस्याओं के समाधान का प्रभावी माध्यम बन रही है। उन्होंने अधिकारियों को शिकायतों की नियमित मॉनिटरिंग, समयबद्ध निस्तारण और बेहतर फीडबैक सिस्टम सुनिश्चित करने को कहा।

निरीक्षण के दौरान CM ने हेल्पलाइन स्टाफ से भी बातचीत की और अच्छा काम करने वाले कार्मिकों को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने निरीक्षण के दौरान हेल्पलाइन सेंटर की कार्यप्रणाली, शिकायत पंजीकरण, फॉलो-अप एवं मॉनिटरिंग व्यवस्था की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि हेल्पलाइन के कार्मिकों से भी समय-समय पर फीडबैक लिया जाए एवं अच्छा काम करने वाले कार्मिकों को प्रोत्साहित किया जाए। उन्होंने कहा कि विभागीय शिकायतों के निस्तारण में नियमित एवं प्रभावी मॉनिटरिंग करने तथा प्रत्येक परिवादी को समयबद्ध एवं संतोषजनक समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

