Rajasthan Budget 2026-27: 6.10 लाख करोड़ के बजट में इंफ्रा,कृषि, उद्योग तक विकास का खाका
RNE Jaipur.
राजस्थान की उप मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री दिया कुमारी ने 02 घंटे 54 मिनट में वर्ष 2026-27 का बजट भाषण पढ़ा। इस दौरान उन्होंने विकास का रोडमेप बताया। अब तक के काम के गिनाएं। पिछली सरकार पर कटाक्ष कर प्रतिपक्ष पर हमला बोल वही ऐसी चुटकियां भी ली जिससे सदन में ठहाके लगे। बाद में मुख्यमंत्री भजन लाल ने इस बजट को ‘संकल्प से सिद्धि’ की दिशा में आगे बढ़ने वाला बताते हुए इसे विकास, सुशासन और आत्मनिर्भरता का रोडमैप बताया है।

जानिए कैसा बजट :
राज्य सरकार ने “विकसित राजस्थान @2047” के लक्ष्य के अनुरूप बजट को 10 स्तंभों में विभाजित कर विकास की बहुआयामी रणनीति प्रस्तुत की है। वर्ष 2026-27 के लिए 6 लाख 10 हजार 956 करोड़ रुपये के बजट आकार के साथ व्यापक विकास रोडमैप प्रस्तुत किया है । बजट में राजस्व प्राप्तियां 3 लाख 25 हजार 740 करोड़ रुपये तथा राजस्व व्यय 3 लाख 50 हजार 54 करोड़ रुपये अनुमानित हैं, जबकि राजकोषीय घाटा 79 हजार 492 करोड़ रुपये (GSDP का 3.69%) रहने का अनुमान है ।

इंफ्रा में ये बड़े काम :
- सड़क, पुल और शहरी कनेक्टिविटी को मजबूती देने के लिए स्टेट हाईवे, ROB/RUB, फ्लाईओवर और एलिवेटेड रोड सहित विभिन्न कार्यों पर लगभग 1,800 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे । क्षतिग्रस्त और नॉन-पेचेबल सड़कों के लिए 1,400 करोड़ तथा मिसिंग लिंक सड़कों के लिए 600 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है ।
- 250 ‘अटल प्रगति पथ’ परियोजनाओं पर 500 करोड़ रुपये, औद्योगिक क्षेत्रों की कनेक्टिविटी के लिए 400 करोड़ रुपये तथा मानसून के बाद सड़क मरम्मत हेतु 500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है ।
- जल जीवन मिशन (शहरी) के तहत 5,000 करोड़ रुपये के पेयजल कार्य प्रस्तावित हैं । ऊर्जा क्षेत्र में 220 केवी, 132 केवी और 33 केवी के नए GSS स्थापित किए जाएंगे तथा सौर ऊर्जा परियोजनाओं का विस्तार किया जाएगा ।

युवा, शिक्षा और कौशल विकास :
- सरकार ने 4 लाख भर्तियों के संकल्प की दिशा में एक लाख से अधिक नियुक्तियां देने और 1.43 लाख पदों पर भर्ती प्रक्रिया जारी होने की जानकारी दी है ।
- मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के तहत एक लाख युवाओं को 10 लाख रुपये तक के ऋण पर ब्याज अनुदान के लिए 1,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है ।
- 400 स्कूलों को CM-RISE स्कूलों में क्रमोन्नत करने हेतु 1,000 करोड़ रुपये तथा 2,500 स्कूलों की मरम्मत के लिए 550 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे ।

कृषि और किसान कल्याण :
- कृषि क्षेत्र में सिंचाई परियोजनाओं पर 11,300 करोड़ रुपये से अधिक का प्रावधान किया गया है । 50 हजार सोलर पंप संयंत्रों पर 1,500 करोड़ रुपये खर्च होंगे ।
- ब्याज मुक्त अल्पकालीन फसली ऋण वितरण योजना के तहत 35 लाख से अधिक किसानों को 25 हजार करोड़ रुपये के ऋण दिए जाएंगे ।
- 500 कस्टम हायरिंग सेंटर, 50-50 गोदाम (250 और 500 मीट्रिक टन क्षमता) तथा नई कृषि मंडियों की स्थापना का भी प्रावधान है ।

महिला सशक्तिकरण और सामाजिक सुरक्षा :
- मुख्यमंत्री लखपति दीदी योजना के तहत ऋण सीमा बढ़ाकर 1.50 लाख रुपये की गई है । 7,500 आंगनबाड़ियों को ‘नंद घर’ के रूप में विकसित करने तथा 11 हजार अमृत पोषण वाटिकाओं के निर्माण का प्रावधान किया गया है ।
- Rural Women BPO, राज सखी स्टोर्स और उद्यमिता केंद्रों के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने पर जोर दिया गया है ।

उद्योग, निवेश और आर्थिक लक्ष्य :
- राज्य की अर्थव्यवस्था को 2047 तक 4.3 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है । RIPS-2024, सिंगल विंडो 2.0 प्लेटफॉर्म और MSME को स्टाम्प ड्यूटी में राहत जैसे प्रावधानों से निवेश को बढ़ावा देने की रणनीति बनाई गई है ।
- Renewable Energy, ग्रीन हाइड्रोजन और लॉजिस्टिक्स सेक्टर में निवेश प्रोत्साहन से रोजगार सृजन को गति मिलने की उम्मीद है ।
हरित विकास और पर्यावरण संरक्षण :
- ‘हरियालो-राजस्थान’ मिशन के तहत 10 करोड़ पौधारोपण का लक्ष्य रखा गया है । मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान 2.0 के अंतर्गत 5 हजार गांवों में 1.10 लाख जल संरचनाएं बनाई जाएंगी ।
- कार्बन क्रेडिट पायलट प्रोजेक्ट, CETP निर्माण और प्रदूषण नियंत्रण उपायों को भी बजट में शामिल किया गया है ।

