राजस्थान RGHS में घोटाला में बीकानेर, नागौर, हनुमानगढ़, भीलवाड़ा में कार्रवाई, 14 कर्मचारी सस्पेंड, 19 पर कार्रवाई के लिए पत्र
RNE Jaipur.
Rajasthan RGHS Scam : राजस्थान में सरकारी कर्मचारियों के इलाज के लिए बनी RGHS योजना में बड़े पैमाने पर घोटाले सामने या रहे हैं। फार्मा स्टोर सरकार से उन दवाइयों का भी भुगतान उठा रहे हैं जो उन्होंने कभी खरीदी ही नहीं, पर्चियों में छेड़छाड़ कर गलत भुगतान उठाने के मामले भी सामने आए हैं।
इसी कड़ी में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने विगत सप्ताह में प्रभावी कार्रवाई करते हुए 6 फार्मा स्टोर के विरूद्ध कठोर कार्रवाई की है। चार फार्मा स्टोर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई गई है एवं 2 फार्मा स्टोर को योजना से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही, योजना में गैर अनुचित तरीके से लाभ लेने पर 19 कार्डधारियों के विरूद्ध विभागीय कार्रवाई एवं रिकवरी के लिए पत्र लिखा है एवं 14 कार्मिकों को निलंबित किया गया है।
Bhilwara में यूं किया घोटाला
राजस्थान स्टेट हैल्थ एश्योरेंस एजेंसी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी हरजीलाल अटल ने बताया कि भीलवाड़ा के हरिकृष्णा मेडिकल स्टोर एवं सावरिया फार्मा स्टोर द्वारा अनियमितता करने पर उनके विरुद्ध अतिरिक्त औषधि नियंत्रक द्वारा ड्रग लाइसेंस निरस्त करते हुए एफआईआर दर्ज करवाई गई है। इन फार्मा स्टोर ने उन दवाओं एवं इंजेक्शन का भी आरजीएचएस योजना में विक्रय बताकर गलत तरीके से भुगतान उठाया, जो इन फार्मा स्टोर ने खरीदे ही नहीं। इन फार्मा स्टोर ने करीब 27 लाख रूपए का भुगतान बिना दवा विक्रय किए ही उठा लिया।
Bikaner, Nagaur, Hanumangarh में पर्चियों से छेड़छाड़ :
इसी प्रकार कॉन्फेड फार्मा स्टोर, रेन (नागौर) एवं जायल (नागौर) के विरुद्ध अनियमितताओं के मामलों में एफआईआर दर्ज करवाई गई है। इन फार्मा स्टोर ने आरजीएचएस पर्चियों में छेड़छाड़ कर गलत तरीके से भुगतान उठाया था। साथ ही, गंभीर अनियमितताओं के मामलों में कॉन्फेड फार्मा शॉप नं. 06, बीकानेर एवं शॉप नं. 05 हनुमानगढ़ को योजना से निलंबित किया गया है।
कर्मचारी भी कर रहे फर्जीवाड़ा, ये कार्रवाई
अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती निधि पटेल ने बताया कि लाभार्थियों द्वारा कार्ड के दुरुपयोग के मामलों में 19 लाभार्थियों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई एवं रिकवरी हेतु संबंधित विभागों को पत्र जारी किए गए हैं। पूर्व में ऐसे मामलों में 54 कार्मिकों को निलंबित किया जा चुका है। वर्तमान में पुलिस विभाग द्वारा 04 एवं आयुर्वेद विभाग द्वारा 10 कार्मिकों को और निलंबित किया गया है।
गायत्री राठौड़ बोली-किसी को नहीं बख्शेंगे
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख शासन सचिव गायत्री राठौड़ ने बताया कि राज्य सरकार आरजीएचएस जैसी जनकल्याणकारी योजना में किसी भी प्रकार की अनियमितता, भ्रष्टाचार अथवा दुरुपयोग के प्रति जीरो टोलरेंस की नीति अपनाते हुए दोषियों के विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित कर रही है। योजना में पारदर्शिता बढ़ाने एवं अनियमितताओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए नियमित रूप से कार्रवाई की जा रही है। विभाग ने ऐसे मामलों में सख्ती बरतते हुए एफआईआर दर्ज करवाने जैसे कठोर कदम उठाए हैं। साथ ही, तकनीकी नवाचारों के माध्यम से योजना को सुदृढ़ किया जा रहा है।

