Movie prime

UCC in Rajasthan : रंजन प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में  समिति गठित, मंत्री जोगाराम पटेल ने बताया राजस्थान का संभावित UCC मॉडल

 

RNE Jaipur. 

राजस्थान में समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code-UCC) को लेकर सियासी और नीतिगत हलचल तेज हो गई है। राज्य सरकार ने UCC लागू करने की दिशा में औपचारिक पहल करते हुए एक उच्च स्तरीय समिति का गठन कर दिया है। संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने सचिवालय में आयोजित प्रेसवार्ता में इसकी जानकारी दी। इस दौरान गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम भी मौजूद रहे। 

देसाई की अध्यक्षता में कमेटी :  

जोगाराम पटेल ने बताया कि राज्य सरकार राजस्थान में समान नागरिक संहिता का प्रारूप तैयार करने की दिशा में आगे बढ़ चुकी है। इसके लिए रंजन प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में एक समिति गठित की गई है। समिति में प्रशासनिक, न्यायिक और विधिक क्षेत्र के विशेषज्ञों को शामिल किया गया है, जो UCC से जुड़े सामाजिक, संवैधानिक और व्यावहारिक पहलुओं का विस्तृत अध्ययन करेंगे।  उन्होंने बताया कि समिति देश के उन राज्यों के अनुभवों का भी अध्ययन करेगी, जहां समान नागरिक संहिता लागू की गई है या इस दिशा में कार्य हुआ है। 

UCC का राजस्थान मॉडल : 

राजस्थान की सामाजिक, सांस्कृतिक और भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए एक उपयुक्त मॉडल तैयार किया जाएगा। समिति विभिन्न वर्गों, संगठनों और विशेषज्ञों से विचार-विमर्श कर अपनी रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपेगी।  सरकारी सूत्रों के अनुसार समिति की रिपोर्ट मिलने के बाद राज्य सरकार UCC के प्रारूप को अंतिम रूप दे सकती है। संभावना जताई जा रही है कि आगामी विधानसभा सत्र में इस संबंध में विधेयक पेश किया जा सकता है। हालांकि सरकार ने फिलहाल इस पर अंतिम समयसीमा घोषित नहीं की है। 

d

क्या है समान नागरिक संहिता (UCC)? 

समान नागरिक संहिता का आशय ऐसे एक समान कानून से है, जो विवाह, तलाक, उत्तराधिकार, गोद लेने, भरण-पोषण और पारिवारिक अधिकारों जैसे विषयों पर सभी नागरिकों पर समान रूप से लागू हो, चाहे उनका धर्म, जाति या समुदाय कोई भी हो। 

वर्तमान में भारत में विभिन्न धार्मिक समुदायों के लिए अलग-अलग पर्सनल लॉ व्यवस्था लागू है।  UCC के संभावित उद्देश्य  विशेषज्ञों के अनुसार UCC का मुख्य उद्देश्य नागरिकों के लिए समान अधिकार सुनिश्चित करना है। इसके तहत महिलाओं को समान अधिकार प्रदान करने, विवाह और तलाक की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने, उत्तराधिकार संबंधी मामलों में समानता स्थापित करने तथा नागरिक अधिकारों की एकरूपता सुनिश्चित करने पर जोर दिया जाता है।  

राजस्थान सरकार द्वारा समिति के गठन के साथ ही राज्य में UCC को लेकर चर्चा और तेज हो गई है। अब सभी की नजर समिति की सिफारिशों और राज्य सरकार के अगले कदमों पर टिकी हुई है।

FROM AROUND THE WEB